tag:blogger.com,1999:blog-22420687.post3767599579112191545..comments2008-04-08T00:45:24.306+05:30Comments on निनाद गाथा: शतकीय पोस्ट - एक हास्य कविता - पतलम मंत्रअभिनवhttp://www.blogger.com/profile/09575494150015396975shukla_abhinav@yahoo.comBlogger9125tag:blogger.com,1999:blog-22420687.post-22151016612309780162008-04-07T22:06:00.000+05:302008-04-07T22:06:00.000+05:30डा. रमा द्विवेदीsaid.... अभिनव जी, शत...डा. रमा द्विवेदीsaid....<BR/><BR/> अभिनव जी,<BR/><BR/> शतक बनाने के लिए ढ़ेरों बधाई एवं शुभकामनाएं । हास्यपूर्ण कविता बड़ी सार्थक लगी...ज्यादा लोगों को इस मंत्र की आवश्यकता है;)Ramahttp://www.blogger.com/profile/10010943809475838010noreply@blogger.comtag:blogger.com,1999:blog-22420687.post-12182089402497614212008-04-07T21:00:00.000+05:302008-04-07T21:00:00.000+05:30कद्दू आलू गबदू थुलथुल गैंडे भैंसे,संबोधन सुनने पड़...कद्दू आलू गबदू थुलथुल गैंडे भैंसे,<BR/>संबोधन सुनने पड़ते हैं कैसे कैसे,<BR/>कैसे कैसे संबोधन ये मोटा मोटी<BR/>कहते सूख रही चादर जब धुले लंगोटी,<BR/>अपमानों को पहचानो अब मेरे दद्दू,<BR/>मन में ठानो कोई नहीं अब बोले कद्दू.<BR/><BR/>बहुत खूब...हाहाहाहा...बढ़िया है अभिनव भाई ..शतकीय पोस्ट की बधाईReetesh Guptahttp://www.blogger.com/profile/12515570085939529378noreply@blogger.comtag:blogger.com,1999:blog-22420687.post-37650198341570855202008-04-07T20:54:00.000+05:302008-04-07T20:54:00.000+05:30शतकीय बधाई जी। ऐसे ही लिखते रहे सतत।शतकीय बधाई जी। ऐसे ही लिखते रहे सतत।Gyandutt Pandeyhttp://www.blogger.com/profile/05293412290435900116noreply@blogger.comtag:blogger.com,1999:blog-22420687.post-83507288541312140622008-04-07T20:30:00.000+05:302008-04-07T20:30:00.000+05:30पूरी पढ़ने के लिये कापी कर ली है पर जितनी ये पतलम ...पूरी पढ़ने के लिये कापी कर ली है पर जितनी ये पतलम मंत्र पढ़ी है उतनी ही अच्‍छी लगी है अपनी प्रशंसा ( भई हम भी तो लगभग पतले ही हैं)पंकज सुबीरhttp://www.blogger.com/profile/16918539411396437961noreply@blogger.comtag:blogger.com,1999:blog-22420687.post-47086463927789262932008-04-07T19:04:00.000+05:302008-04-07T19:04:00.000+05:30जय हो स्वामी अभिनवानन्द जी की जो ऐसे गुरुमंत्र लाय...जय हो स्वामी अभिनवानन्द जी की जो ऐसे गुरुमंत्र लाये...अब तो कुछ उम्मीद सी जाग ली है.<BR/><BR/>:)<BR/><BR/>शतकीय पोस्ट की अनेकों बधाई और आने वाले समय में ऐसे ही सहस्त्रों शतकों के लिये शुभकामनायें.Udan Tashtarihttp://www.blogger.com/profile/06057252073193171933noreply@blogger.comtag:blogger.com,1999:blog-22420687.post-14393553773288167402008-04-07T17:55:00.000+05:302008-04-07T17:55:00.000+05:30अरे महाप्रभु ! यह बतलाऒ ऐसा गज़ब किसलिये ढाया ?पहले...अरे महाप्रभु ! यह बतलाऒ ऐसा गज़ब किसलिये ढाया ?<BR/>पहले तो आकर के तुमने हमको मुट्टा मंत्र पढ़ाया<BR/>उस का हमने जाप किया औ बीस किलो था वज़न बढ़ाया<BR/>छप्पन भोग बनाओ प्रतिदिन ये था बीबी को सिखलाया<BR/>अब तुमने भी नेता जैसे नई रीत क्यों आज निकाली ?<BR/>क्या चुनाव आने वाले हैं, या फिर रूठ गई घरवाली<BR/>अब शायद हमको भी यह पथ अदनानी अपनाना होगा<BR/>वैसे यह रचना अच्छी है, स्वीकारो ताली दर तालीराकेश खंडेलवालhttp://www.blogger.com/profile/08112419047015083219noreply@blogger.comtag:blogger.com,1999:blog-22420687.post-67224356159741763012008-04-07T12:08:00.000+05:302008-04-07T12:08:00.000+05:30बढ़िया!!बधाई शतक के लिए शुभकामनाएंबढ़िया!!<BR/>बधाई शतक के लिए <BR/>शुभकामनाएंSanjeet Tripathihttp://www.blogger.com/profile/18362995980060168287noreply@blogger.comtag:blogger.com,1999:blog-22420687.post-63247011194739120222008-04-07T11:47:00.001+05:302008-04-07T11:47:00.001+05:30शतकीय होने की बधाई और शुभकामनाएं।शतकीय होने की बधाई और शुभकामनाएं।mamtahttp://www.blogger.com/profile/05350694731690138562noreply@blogger.comtag:blogger.com,1999:blog-22420687.post-21508551756290906432008-04-07T11:47:00.000+05:302008-04-07T11:47:00.000+05:30कविता अत्यन्त सुंदर है ...शतकीय पोस्ट हेतु बधाईयाँ...कविता अत्यन्त सुंदर है ...शतकीय पोस्ट हेतु बधाईयाँ !रवीन्द्र प्रभातhttp://www.blogger.com/profile/11471859655099784046noreply@blogger.com